सिंह राशि के जातक कैसे होते हैं

सिंह राशि में जन्म लेने वालों का भाग्य फल

सिंह राशि का स्वामी – सूर्य
सिंह राशि के अक्षर – मा , मी , मू , मे , मो , टा , टी , टू , टे
दिनांक: २१ अगस्त से २० सितम्बर

सिंह राशि

सिंह राशि पूर्व दिशा को दर्शाती है। पित्त प्रकृति की होती है, अग्नि तत्व राशि होती है, पुरुष जाति, पति वर्ण, क्षत्रिय वर्ण, उष्ण स्वभाव, पुष्ट शरीर, यात्रा प्रिय, अल्प संततिवान तथा निर्जल राशि होती है।
सिंह राशि का स्वभाव भी मेष राशि के समान ही होता है, किंतु सिंह राशि में स्वतंत्रता, प्रियता और दूसरों के प्रति उदारता अधिक पाई जाती है। सिंह राशि का शरीर में हृदय के स्वास्थ्य का विचार किया जाता है।

सिंह राशि का ग्रह / सूर्य

सिंह राशि का ग्रह सूर्य है। सूर्य ग्रह पुरुष जाति, रक्त वर्ण, पित्त-प्रकृति और पूर्वी दिशा का प्रतिनिधित्व करता है। सूर्य ग्रह आत्मा, आरोग्य, स्वभाव, राज्य, देवालय का सूचक है और पिता से सम्बन्धो का कारक है।

सूर्य के द्वारा जिन शारीरिक रोगों का आकलन किया जाता है, वे है मंदागिनी, अतिसार, सिरदर्द, क्षय, मानसिक रोग, आंखों के रोग, दुख, उदासीनता, कलह, वाद विवाद, समाज में अपमान, सामाजिक मान-सम्मान आदि का विचार किया जाता है।

सूर्य ग्रह मेरुदंडसना, स्नायु ,कलेजा, आंखों आदि शरीर के अंगों पर विशेष प्रभाव डालता है। सूर्य ग्रह का संबंध पिता को लेकर विशेष रूप से रहता है। सूर्य ग्रह को एक पाप ग्रह का दर्जा दिया गया है।

सिंह राशि और माणिक्य

सिंह राशि का स्वामी ग्रह सूर्य होता है, और सूर्य ग्रह का रत्न माणिक्य है। इसलिए सिंह राशि के जातकों को माणिक्य धारण करना लाभकारी रहता है।

सिंह जातकों का डील डौल

Leo, जिसे हिंदी में “सिंह राशि” बोला जाता है। अगर एक छोटे वाक्य में सिंह राशि के व्यक्ति को व्यक्त किया जाये तो, सिंह राशि के जातक स्वाभाव से कुछ क्रोधी प्रवत्ति के होते है, बड़े दिल के, दानी स्वभाव के होते है, किसी भी बात के लिए जिद पर अड़ना उनके स्वाभाव में शामिल होता है। घूमने फिरने के बड़े शौकीन होते है।

सिंह जातक रौबदार व्यक्तित्व के होते है , इनमें राजसी गुण पैदाइशी होते है। बलशाली डील डौल के होते है। माथा चौड़ा होता है। सिंह जातक अपने ऊपर किसी भी प्रकार का, किसी का भी नेतृत्व पसंद नहीं करते।

सिंह राशि के जातक कैसे होते हैं

सिंह राशि में जन्म लेने वाले जातक अपने उद्देश्यों के प्रति काफी दृढ़ निश्चय वाले होते हैं और जीवन में अपने उद्देश्यों को पूरा करने की भरपूर इच्छा रखते हैं। अगर
सिंह जातकों के मन में किसी योजना को लेकर काम करने का इरादा है या फिर उस काम का उद्देश्य पूरा करने की ठान लेते हैं तो फिर चाहे किसी भी तरह की बाधाएं आये, वे उस को पूरा करके ही छोड़ते है।

सिंह जातकों में किसी भी संगठन का नेतृत्व करने की गजब की क्षमता होती है। उनकी आदत होती है, वह अपने ऊपर कई तरह की सामाजिक जिम्मेदारियां लेने को तैयार रहते हैं।

Read Also: ब्लॉग्गिंग कैसे करें

सिंह जातक सदैव लोगों के बीच प्रसिद्ध रहना चाहते हैं और लोगों के बीच हमेशा ऊंचा उठने के प्रयास में रहते हैं। सबके बीच एक प्रभावशाली व्यक्ति बन कर रहना चाहते हैं। वह सदैव उच्च व्यक्तियों और उच्च पदों के व्यक्तियों की तरफ से आकर्षित होते हैं और उन से मेलजोल बढ़ाना पसंद करते हैं।

सिंह जातक वैसे तो स्वभाव से बहुत घमंडी होते हैं, अपने निश्चय के हमेशा पक्के रहते हैं। स्पष्टवक्ता होते हैं। इन्हें क्रोध बहुत जल्दी आ जाता है, अगर कोई इनकी बात को ना करें, तो तुरंत यह क्रोध में आ जाते हैं।

सिंह जातकों की इच्छा शक्ति बहुत मजबूत होती है और इनका सोचना ऐसा रहता है कि यह जो कार्य कर रहे हैं वही सही है और कभी भी अपने कार्य से पीछे नहीं हटते।

अगर सिंह जातकों को जीवन में उच्च पदों की प्राप्ति नहीं होती है, तो इनमें असंतोष की भावना बनी रहती है, बहुत निराश रहते हैं। इन्हें लोगों के बीच प्रसिद्ध रहना और ऊंचे पदों पर आसीन रहना ही अच्छा लगता है।

इनके मन में मानवता होती है, हृदय दयालु होता है, जिससे यह लोगों के लिए बहुत कुछ करने की सोचते हैं। इस राशि के जातक अधिकतर काफी भाग्यशाली होते हैं। यह अपने जिस किसी भी व्यवसाय या कार्य को शुरू करते हैं, तो ज्यादातर उन्हें सफलता मिलती ही है।

सिंह जातक और व्यवसाय

सिंह जातक अपनी दृढ़ता, अपनी योग्यता और अपनी मजबूत इच्छाशक्ति के बल पर सदैव उच्च पदों तक पहुंच ही जाते हैं।

यह लोग अपने जीवन में काफी समझदारी से निर्णय लेते हैं। व्यापार-व्यवसाय करते हैं, जिससे कि इन्हें जीवन में अच्छा आर्थिक लाभ मिलता रहता है।

सिंह जातकों के व्यक्ति ऐसी योजनाएं बनाते हैं जो कि बड़ी होती है और इनका ऐसा सोचना होता है कि, इन्हें बड़े स्तर पर कामयाबी मिले और बड़ा धन लाभ हो।

सिंह जातकों का व्यक्तित्व

सिंह जातक दूसरे व्यक्तियों को प्रेरित करने या उनसे महान कार्य करवाने की आश्चर्यजनक चुंबकीय क्षमता रखते हैं। सिंह जातक के लोगों की महत्वकांशा बड़ी प्रबल रहती है। इनका उद्देश्य हमेशा साधारण मानव से ऊपर उठने का रहता है, चाहे यह कितने भी साधारण परिवार में जन्म ले।

सिंह जातक विशाल हृदय के, ईमानदार तथा सच्चाई पसंद होते हैं और दूसरों से भी ऐसे ही व्यवहार की आशा करते हैं और अगर इन्हें सामने वाले से अपने जैसा व्यवहार ना मिले, तो इन्हें गुस्सा आ जाता हैं, निराश और दुखी हो जाते हैं।

Read Also:- Astrology and Your Lucky Birthstone

सिंह जातकों का स्वास्थ्य

सिंह राशि के जातकों पर सूर्य का प्रभाव तो विशेषकर रहता है, जिसकी वजह से यह शरीर से सुगठित होते हैं। इनमें रोगों से लड़ने की शक्ति भी अच्छी होती है। इन लोगों को केवल रक्त के प्रवाह और हृदय को लेकर थोड़ी समस्याएं रह सकती है। आंखों को लेकर भी कुछ परेशानियां रहती है।

अगर सिंह जातकों को उनके अनुसार अनुकूल वातावरण ना मिले तो इनके स्वास्थ्य पर प्रभाव पड़ता है। इन्हें गठिया के रोग होने की संभावना भी रहती है, लेकिन कुल मिलाकर अपेक्षाकृत इन्हें कम ही रोग होते हैं।

सिंह राशि के व्यक्ति मानव स्वभाव में बहुत विश्वास रखते हैं। सिंह जातक अपने दोस्तों और संबंधियों से बहुत विश्वास रखते हैं। लेकिन यही विश्वास उनके प्रेम और मित्रता में रुकावट भी बन जाता है, जिसकी वजह से इन्हें कई दुखद परिस्थितियों और तनाव से भी गुजरना पड़ता है। श्री जातक अपने स्नेह, प्रेम, दया और सहिष्णुता की वजह से काफी प्रसिद्ध होते हैं।
सिंह जातक अत्यंत शांत और सहनशील स्वभाव के होते हैं, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि इन्हें गुस्सा नहीं आता, गुस्सा आने पर यह सिंह की भांति गरजते भी है।

सिंह राशि/सावधानियां

सिंह जातक के व्यक्तियों को अपने बहुत ज्यादा खर्च करने की आदत को सुधारना चाहिए।

सिंह राशि की लड़कियां कैसे होती है?

सिंह राशि की लडकियां स्वाभाव से दबंग किस्म की होती है ,वे किसी के दबाव में नहीं रहती है। आकर्षक व्यक्तित्व और सबको अपनी ओर आकर्षित करने वाली होती है। इनमें नेतृत्व करने की अदभुत क्षमता होती है, जिसकी वजय से ये सबमे प्रसिद्द होती है ,अगर कोई इनकी किसी बात को न मानें, तो इन्हें बिलकुल भी बर्दाश्त नहीं होता।

सिंह राशि की लड़कियां अपने पति पर नेतृत्व करती है, इनके पति इनके अनुसार चलते है।

माणिक्य | सिंह राशि का रत्न माणिक्य

अन्य रत्नों की तरह माणिक्य भी खनिज रत्न है, इसकी उत्पति धरती के अंदर होती है। माणिक्य, ग्रेनाइट और अभ्रक पत्थर के साथ पाया जाता है, माणिक्य और बिल्लौर रत्न एक साथ ही पाया जाता है।

अगर रासायनिक संरचना के अनुसार माणिक्य को व्यक्त किया जाये तो, माणिक्य एल्यूमीनियम ऑक्साइड का रूप है, माणिक्य सुर्ख लाल, गहरा गुलाबी, हल्का लाल, हल्का गुलाबी, कुछ कालापन लिए लाल रंगों में प्राप्त होता है।

माणिक्य रत्न पूर्ण पारदर्शी, अर्ध पारदर्शी और अपारदर्शी सभी तरह प्राप्त होता है, माणिक्य जितना अधिक साफ और पारदर्शी होगा, वह उतना ही अधिक कीमती होगा।
जाल युक्त माणिक्य और अपारदर्शी माणिक्य कम कीमत के होते है।

माणिक्य की विशेषता एव धारण करने से लाभ

सिंह राशि के जातकों के लिए तो माणिक्य बहुत शुभ रत्न है, इसे धारण करने से सिंह राशि के जातक जीवन में सफलता प्राप्त करते है, स्वस्थ शरीर और सामाजिक सम्मान प्राप्त करते है।

माणिक्य सूर्य ग्रह की रश्मियों का संचालन करता है, अगर कुंडली में सूर्य पीड़ित है, कमजोर है, पाप ग्रहों से दृष्ट है, तो ऐसे में माणिक्य रत्न धारण करने से सूर्य के समस्त शुभ प्रभावों की प्राप्ति होती है और सूर्य के दोष समाप्त होते है।

इसके अलावा जिन जातकों की जन्म पत्रिका में सूर्य कमजोर है, उन्हें भी माणिक्य धारण करना चाहिए, माणिक्य धारण करने से उनका सूर्य मजबूत होता है ।

माणिक्य धारण करने वाला व्यक्ति सामाजिक तौर पर तेजस्वी, प्रतापी और प्रभावशाली बनता है, धन धान्य से युक्त होता है। उसे और भी अन्य रत्नों की प्राप्ति होती है।

पुराने समय में वंश वृद्धि के लिए माणिक्य धारण किया जाता था, माणिक्य धारण से व्यक्ति के जीवन के दुःख दर्द, क्लेश, चिंताओं, और डर का नाश होता है,

जिन व्यक्तियों का जीवन अस्थिर है, कारोबारी और पारिवारिक अस्थिरता है, उन व्यक्तियों को अपने जीवन की उज्वलता के लिए माणिक्य रत्न धारण करना चाहिए। माणिक्य उनके उज्जवल भविष्य को निर्मित करता है।

स्वस्थ्य की दृष्टि से देखा जाये तो माणिक्य रक्तः से सम्बंधित बीमारियों और आंख के रोगो के लिए लाभकारी होता है, माणिक्य धारण से इन रोगों की समाप्ति होती है।

सिंह राशि वालों को कौन सा धातु पहनना चाहिए?

सिंह राशि वालों को तांबे का छल्ला जरूर धारण करना चाहिए।

सिंह राशि का भाग्यशाली रत्न

माणिक्य और पुखराज

सिंह राशि का शुभ रंग

लाल और पीला

सिंह राशि का शुभ दिन कौन सा है?

रविवार

You will love to read also:-

Please follow and like us:

Leave a Comment

सूर्य रत्न माणिक्य कौन धारण कर सकते है पन्ना रत्न किसे पहनना चाहिए