वृश्चिक लग्न कुंडली विश्लेषण और उनका स्वाभाव, चारित्रिक विशेषता, शारीरिक रूप, शिक्षा और आजीविका

Table of Contents

वृश्चिक लग्न कुंडली विश्लेषण और उनका स्वाभाव, चारित्रिक विशेषता, शारीरिक रूप, शिक्षा और आजीविका

image by pixabay
image by pixabay

 

वृश्चिक लग्न कुंडली विश्लेषण

आज हम इस पोस्ट में वृश्चिक लग्न के व्यक्तियों के स्वाभाव, चारित्रिक विशेषताओं और उनके जीवन के बारे में जानेंगे, उनका स्वभाव कैसा होता है, शारीरिक रूप से कैसे दिखते है, शिक्षा और आजीविका कैसी होती है, और उनका पारिवारिक जीवन कैसा रहता है।
और क्या है उनके भाग्यशाली अंक, भाग्यशाली दिन और भाग्यशाली रत्न जिन्हें धारण करने से वे अपने जीवन की परेशनियों को कम कर सकते है।

वृश्चिक लग्न के जातकों का सामान्य स्वाभाव


वृश्चिक lagn का स्वामी मंगल ग्रह है, मंगल ग्रहों का सेनापति है, एक योद्धा ग्रह है, जो हमेशा हर कार्य में आगे रहता है, होने दुश्मनों को ख़त्म करने में हमेशा तत्पर रहता है,
अपने स्वामी ग्रह के जैसे ही गुण वृश्चिक lagn में जन्म लेने वाले जातकों  में भी पाए जाते है,

वृश्चिक lagn के जातक बहुत शूरवीर होते है, हर कार्य को आगे बढ़ चढ़ कर करने वाले होते है, बहुत जल्दी क्रोधित हो उठते है, बहुत प्रतिभावान होते है, ज्ञानी होते है, तमोगुण प्रवति के होते है, इनका स्वभाव बहुत गुस्सैल और कड़वा होता है, और धर्म कर्म के कार्यो को भी करने वाले होते है।
ऐसा स्वाभाव वृश्चिक lagn के जातकों का देखने को मिलता है। 

Read Also: ज्योतिष समाधान

वृश्चिक लग्न के जातकों का शारीरिक गठन


वृश्चिक lagn के जातक तंदुरुस्त और निरोग शरीर के होते है, उनकी कदकाठी हट्टी-कट्टी और कद के सामान्य होते है, उनका चेहरा कुछ लालिमा लिए हुए रहता है, जिसे देखने से उनके चेहरे में एक चमक सी रहती है।
चौड़ा माथा, काले बाल, आँखों में चमक होती है, कुल मिलाकर साधारण कदकाठी होने के बावजूद भी इनका व्यक्तित्व चुंबकीय और आकर्षित करने वाला होता है।  

वृश्चिक लग्न के जातकों की शिक्षा और आजीविका

    
 
वृश्चिक lagn के जातक चिकित्सा, हॉस्पिटल से सम्बंधित, किसी भी संसथान में प्रबंधन का कार्य, विज्ञानं विषय, वाणिज्य, राजनीती शास्त्र आदि जैसे विषयों में सफलता प्राप्त करते हुए देखे जाते है।

वृश्चिक जातक जीवन में अपनी मेहनत से आगे बढ़ते है, वृश्चिक जातक  धीरे धीरे अपने जीवन में निरंतर तरक्की करते जाते है और सफलता प्राप्त करते है, यह लोग अपने जीवन में खुलकर खर्च करने वाले होते है, वे धन खर्चने में पीछे नहीं हटते।

वृश्चिक जातक व्यापार के क्षेत्र में हो या नौकरी के वे जिस काम से भी जुड़े हो अपने काम को बहुत अनुशासन से करते है, और दुसरो से भी ऐसी ही अपेक्षा करते है। अगर उनके सामने कोई कामचोरी करेगा तो उसे वह बिलकुल भी पसंद नहीं करते।

वृश्चिक lagn के जातक डॉक्टर, सर्जन, आयुर्वेद के डॉक्टर, दन्त चिकित्सक, ट्रेडिंग का व्यापर करने वाले, मेडिकल स्टोर, इलेक्ट्रिक कार्य या व्यापार करने वाले, जमीनों के दलाल, होटल व्यवसाई, तेल के व्यापारी, शिक्षक, सेना में पदस्थ, अधिकारी, अफसर, पुलिस विभाग में, पैथोलॉजी, एक्स-रे आदि कार्यो से जुड़े हुए देखे जा सकते है। 

वृश्चिक जातक अपने जीवन में जिस चीज की अभिलाषा रखते है, वे उसे पाते ही है। इतना जरूर है की इसमें उनको थोड़ा वक्त लगता है लेकिन वे अपने जीवन में सफलता हासिल करते है और अपनी सभी इच्छाओं की पूर्ति करते है। 


वृश्चिक लग्न के जातकों में रुचियाँ


वृश्चिक lagn के जातक खाने पीने के बहुत शौकीन होते है, इन्हें अच्छा और सुविधापूर्ण जीवन जीना, बड़ी गाड़ियों में घूमना, रोमांस करना, इनके जीवन के शौकों में शामिल है। 

वृश्चिक लग्न के जातकों के प्रेम संबंध


वृश्चिक lagn के जातक बहुत रोमांटिक होते  है, वे कहीं न कहीं किसी न किसी के साथ प्रेम संबंधों में उलझे ही रहते है,
वे अपने प्रेमी से वफ़ादारी और पूर्ण समपर्ण चाहने वाले होते है, और वे अपने प्रेमी को लेकर बहुत शंकालु रहते है, छोटी छोटी बातों पर भी शक करते है।

वृश्चिक lagn के जातक कामुक होते है,  इनकी वासना सिंह lagn के जातकों से भी अधिक देखने को मिलती है। इसलिए इन्हें अपने जीवन में संयम रखना बहुत जरुरी होता है। 

वृश्चिक लग्न के जातकों का दांपत्य जीवन और परिवार


वृश्चिक lagn के जातकों का वैवाहिक जीवन सुखद रहता है, वृश्चिक जातक अपने जीवनसाथी से चाहते की की वह पूर्ण रूप से उनपर समर्पित रहे, और उनके अनुसार ही चले, अगर ऐसा नहीं होता तो इनमें मनमुटाव रहने लगता है,

वैसे इनका वैवाहिक और सेक्सुअल जीवन सुखद रहता है, ये उसका पूर्ण आनंद प्राप्त करते है। ये अपने जीवनसाथी से अधिक से अधिक पाने की उम्मीद रखते है, वे चाहते है की उनकी पत्नी उनके लिए एक प्रेमिका का व्यवहार करे।

वृश्चिक जातक अपने घर, बच्चे, पत्नी और परिवार के प्रति बहुत ध्यान देने वाले होते है, लेकिन ज्यादातर इनकी अपने रिश्तेदारों से नहीं  बनती है, ऐसा इसलिए की जो बात इन्हें ठीक नहीं लगती उसे ये उनके मुँह पर ही उसे नाकर देते है, एक कारण यह भी,है की ये किसी भी रिश्तेदार की जी हज़ूरी नहीं करते, और ना ही किसी के अधीन रहते है।
कई बार इन्हें अपने रिश्तेदारों और दोस्तों से ऐसा धोखा भी मिल सकता है की उसके लिए इन्हें थाने या कोर्ट तक जाना पड़े। 


वृश्चिक लग्न के जातकों का स्वास्थय


वैसे तो वृश्चिक जातकों का स्वास्थय अच्छा ही रहता है, लेकिन फिर भी कई बार ग्रहों की नकारात्मकता की वजय से शारीरिक कष्ट उठाने भी पड़ सकते है।

सामान्य तौर पर वृश्चिक जातक बहुत उग्र होते है इसलिए इन्हें रक्त विकार, उच्च रक्तचाप, हृदय व पेट संबंधी बीमारी, पाचन संस्थान की परेशानी, संक्रमण रोग, आलस्य, कब्ज, गठिया, गले की बीमारिया, आदि जैसी स्वास्थय समस्याएं हो सकती है
स्त्रियों में मासिक धर्म की अनियमितता और गर्भपात डर रहता है।

वृश्चिक lagn के जातकों विशेष तौर से अपने खानपान और पेट, अपच, एसिडिटी का ध्यान रखना चाहिए, नियमित तौर से व्यायाम करना चाहिए।

वृश्चिक लग्न डिटेल्स


वृश्चिक lagn के मित्र और शत्रु लग्न


वृश्चिक lagn के जातकों का सम्बन्ध कर्क, सिंह, मेष, धनु, मीन lagn के व्यक्तियों के साथ मधुर रहता है और उनके साथ किये गए कार्य भी सफल होते है। अगर इनकी इन lagn के जातकों के साथ मित्रता है तो अच्छी निभती है, और अगर इन lagn के व्यक्तियों से किसी तरह की साझेदारी भी रहती है तो सफल होने के अवसर अधिक रहते है।

वृष, तुला, धनु तथा मेष लग्न के व्यक्तियों के साथ इनके सम्बन्ध समतुल्य रहते है, और मिथुन, कन्या, मकर, कुम्भ लग्न के जातकों के साथ तो इनकी कभी भी नहीं बनती और न ही कोई कार्य सफल होता है। 

वृश्चिक लग्न के जातकों का भाग्यशाली रंग


वृश्चिक lagn के जातकों का भाग्यशाली रंग लाल, गोल्डन येल्लो, और लाल रंग से मिलते जुलते रंग होते है, इन रंगो के कपडे धारण करने से इन्हें लाभ मिलता है और किसी विशेष अवसर पर इन्हें धारण करके जाने से सफलता प्राप्त होती है।

Read Also : क्या आपको अपने भाग्यशाली रत्न का पता है

वृश्चिक लग्न के जातकों के भाग्यशाली अंक


वृश्चिक lagn के जातकों के भाग्यशाली अंक 9 होता है, इसके अलावा इनके लिए अन्य शुभ अंक 1, 2, 3, 9, 18, 36, 45, 63 होते है।
4, 5, 6 अंक इनके लिए शुभ नहीं होते है।

वृश्चिक लग्न के जातकों का भाग्यशाली दिन


वृश्चिक lagn के जातकों का भाग्यशाली दिन मंगलवार होता है, क्योंकि इनके lagn स्वामी मंगल का दिन मंगलवार है। सोमवार, रविवार,और गुरुवार के दिन भी इनके कार्यो के लिए शुभ रहते है।
शनिवार और बुधवार के दिन इनके लिए शुभ नहीं होते, इन्हें इन दोनों दिनों को कोई भी शुभ कार्य करने से बचना चाहिए। 


वृश्चिक लग्न के जातकों का शुभ और भाग्यशाली रत्न


वृश्चिक lagn के जातकों का शुभ और भाग्यशाली रत्न लाल मूंगा होता है, लाल मूंगा इन्हें जीवनभर धारण करना चाहिए।  लाल मूंगा इनको सामाजिक मानसम्मान, उच्च मनोबल, धन, संपत्ति और सफलता और दुश्मनों पर विजय प्रदान करता है।


Leave a Comment

सूर्य रत्न माणिक्य कौन धारण कर सकते है पन्ना रत्न किसे पहनना चाहिए