नौकरी के लिए रत्न
कारोबार और ‘नौकरी के लिए रत्न’ – ज्योतिष शास्त्र में ऐसे कई रत्नों का जिक्र है, जिनको धारण करने से कारोबार और नौकरी में सफलता मिलती है
कारोबार और ‘नौकरी के लिए रत्न’ – ज्योतिष शास्त्र में ऐसे कई रत्नों का जिक्र है, जिनको धारण करने से कारोबार और नौकरी में सफलता मिलती है
हमारे लिए,ऐसे कौन से शुभ रत्न है जो हमारी सफलता, धन, आर्थिक उनत्ति के लिए सहायक हो सकते है,जानते है-धन प्राप्ति के लिए कौन सा रत्न धारण करें?
कौन सा रत्न किस उंगली में धारण करना चाहिए? रत्न धारण में इस बात का बहुत महत्व है, गलत उंगली में धारण किया गया रत्न नुकसानकारी हो जाता है।
अक्सर रत्न धारण को लेकर सभी को यह दुविधा रहती है की ‘मुझे कौन सा रत्न धारण करना चाहिए?’, इन ३ भावों का रत्न कोई भी जातक धारण कर सकता है।
इस पोस्ट में दो मुखी रुद्राक्ष के बारे में चर्चा करेंगे और जानेंगे, 2 मुखी रुद्राक्ष कैसा होता है,2 मुखी रुद्राक्ष पहनने से क्या फायदा होता है
जानिए! माणिक रत्न की विशेषताएं और धारण विधि,माणिक्य के उपरत्न,माणिक्य कितने कैरेट का धारण करना चाहिए,माणिक्य रत्न धारण करने की विधि
मिथुन लग्न | मिथुन लग्न के जातक | मिथुन लग्न विश्लेषण,मिथुन लग्न वाला जातक सामान्यता लंबे कद वाला और सीधा, स्पष्ट व सक्रिय होता है।
जिन व्यक्तियों का जन्म “वृष लग्न में” होता है वह दिखने में कैसे होते हैं, उनका स्वभाव कैसा होता है, उनकी आजीविका क्या हो सकती है आदि।
स्फटिक crystal,धारण के लाभ, श्रीयंत्र और स्फटिक crystal माला के लाभ,स्फटिक कांच की तरह आर पार दिखने वाला स्वच्छ एवं कठोर पत्थर होता है।
लाजवर्द,LAPIS LAZULI रत्न धारण करने के लाभ और जानकारी,लाजवर्द रत्न का सुन्दर नीला रंग होने से इसे शनि ग्रह का रत्न माना गया है।